आज हम जिस विषय पर हैं, वह बाइबल की रूपक भाषा (metaphors) के तीसरे भाग का विस्तार है, जिसकी शुरुआत हमने पॉडकास्ट BB-27 और BB-48 में की थी।
इस श्रृंखला में हम यह देखते हैं कि बाइबल कैसे रूपकों का उपयोग करती है ताकि हम परमेश्वर के साथ अपने संबंध को बेहतर समझ सकें।